नए नियम के मुताबिक शादी समारोह में 10 हजार रुपए से अधिक के एक मुश्त खर्च का ही हिसाब लोगों को देना होगा।
आरबीआई और सरकार ने नोटबंदी से लोगों को हो रही परेशानी को कम करने के लिए कुछ नई घोषणाएं की हैं। अब शादी समारोह के लिए लोगों को हर खर्चे का हिसाब नहीं देना होगा। नए नियम के मुताबिक शादी समारोह में 10 हजार रुपए से अधिक के एक मुश्त खर्च का ही हिसाब लोगों को देना होगा।
10 हजार से अधिक के खर्च पर देना होगा हिसाब
इस फैसले से उन लोगों को थोड़ी राहत मिली है जिनके घर शादी समारोह है। इससे पहले आरबीआई ने शादी समारोह में लोगों को 2.5 लाख रुपए तक निकालने की छूट दी थी लेकिन उसके साथ एक शर्त रखी थी कि शादी समारोह में होने वाले हर तरह के खर्च का हिसाब बैंक को देना होगा। अब इसमें छूट मिल गई है। सिर्फ 10 हजार रुपए से अधिक के खर्च का हिसाब बैंक को देना होगा। शादी के लिए खर्च और पैसे निकालने के अन्य नियम आगे पढ़ें.
10 नए नियम
- निकासी की अनुमति 8 नवंबर के सरकार के निर्णय से पहले के उपलब्ध राशि से ही होगी।
- यह राशि उसी शादी के लिए होगी जो 30 दिसंबर या उससे पहले हो।
- बैंकों को यह भी कहा गया है कि इस प्रकार की निकासी के लिए रिकॉर्ड रखें।
- बैंको को उन लोगों की सूची सौंपनी होगी जिन्हें उस राशि से भुगतान किया गया है।
- बैंकों में नकदी की कमी को देखते हुए निकासी पर कुछ पाबंदी लगाए गए हैं।
- अधिसूचना के अनुसार, 'पैसा माता-पिता या वह व्यक्ति निकाल सकता है, जिसकी शादी होनी है।'
- इतना ही नहीं उन लोगों की विस्तृत सूची भी होनी चाहिए, जिसके भुगतान के लिए राशि (10 हजार रुपए से अधिक) निकाली गई है।
- ऐसे लोगों से घोषणापत्र भी लेना होगा कि उनके पास कोई बैंक खाता नहीं है।
- सूची में यह भी होना चाहिए कि किस मकसद से प्रस्तावित भुगतान किया जा रहा है।
- रिजर्व बैंक ने यह भी कहा है कि बैंकों को परिवार को नकद के बिना एनईएफटी, आरटीजीएस, चैक, ड्राफ्ट या डेबिट कार्ड जैसे अन्य साधनों से भुगतान के लिए प्रोत्साहित भी करना चाहिए।
बिग बाजार से निकालिए पैसे
वहीं लोगों को एक और राहत मिली है। फ्यूचर ग्रुप ने अपने रिटेल मार्केट बिग बाजार के जरिए लोगों को 2 हजार रुपए तक कैश निकालने की सहूलियत दी है। कोई भी व्यक्ति जिसके पास एटीएम है वह बिग बाजार में जाकर 2000 रुपए स्वाइप मशीन के जरिए निकाल सकता है।
किसानों को मिली राहत
सरकार ने किसानों को बड़ी राहत देते हुए ऐलान किया है कि वे 500 के पुराने नोटों से सरकारी दुकानों से बीज खरीद सकते हैं। दरअसल नोटबंदी के कारण किसान बीज और खाद आदि नहीं खरीद पा रहे हैं, जिसके कारण उन्हें बुआई में दिक्कतें आ रही हैं।
किसानों के लिए घोषणाएं
इससे पहले भी सरकार ने किसानों को राहत देने के लिए कुछ घोषणाएं की थीं। जैसे जिन किसानों को क्रॉप लोन मिला है, उन्हें अपने खातों से हर हफ्ते 25 हजार रुपए प्रति हफ्ता निकालने की सहूलियत दी, ताकि वे बीज और खाद आदि खरीद सकें।
ओवरड्राफ्ट अकाउंट होल्डर्स को मिली राहत
वहीं केंद्रीय बैंक आरबीआई ने कहा है कि यदि आपका कैश क्रेडिट अकाउंट है या फिर आप ओवरड्राफ्ट अकाउंट होल्डर हैं तो एक हफ्ते में 50,000 रुपए तक नकदी निकाल सकते हैं। कारोबारियों और व्यापारियों के लिए यह घोषणा राहत की बात है।
More From GoodReturns

Silver Price Today: 2 अप्रैल को चांदी की कीमतों में भारी गिरावट! जानिए प्रति किलो चांदी का रेट

Silver Price Today: 31 मार्च को चांदी की कीमतों में आई गिरावट! जानिए प्रति किलो चांदी का रेट क्या है?

Silver Price Today: 30 मार्च को चांदी का भाव सस्ता हुआ या महंगा? जानें प्रति किलो चांदी का रेट

Gold Rate Today: 2 अप्रैल को भी सोने की कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी! जानिए 24k, 22k,18k गोल्ड रेट क्या है?

Silver Price Today: 1 अप्रैल को चांदी की कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी! जानिए प्रति किलो चांदी का भाव

Gold Rate Today: महीने के आखिरी दिन 31 मार्च को सोने की कीमतों में बड़ा बदलाव! जानिए 24k, 22k गोल्ड रेट

एमपी-यूपी सहयोग सम्मेलन: साझा विरासत के साथ आगे बढ़ रहे मध्यप्रदेश-उत्तर प्रदेश, निवेश और विकास पर बनी सहमति

LPG Cylinder Price Hike: युद्ध के बीच बड़ा झटका! आज से एलपीजी सिलेंडर के दाम ₹218 तक बढ़े

Bank holiday Today: महावीर जयंती पर आज बैंक खुला रहेगा या बंद? जाने से पहले चेक करें RBI हॉलिडे लिस्ट

Gujarat News: सताधार धाम बना आत्मनिर्भरता का प्रतीक, रोजाना 10 हजार श्रद्धालुओं का भोजन बायोगैस पर तैयार

कानूनी प्रक्रिया से ही तय हुआ JAL का भविष्य: Adani की जीत पर मुहर, CoC की ‘कमर्शियल विजडम’ सर्वोपरि



Click it and Unblock the Notifications