भारत में हर साल सूखे की समस्या से हजारो किसान परेशानी का सामना करते हैं। देश के तमाम क्षेत्र मॉनसून की बारिश पर निर्भर रहते हैं और अगर किसी वर्ष मॉनसून की बारिश कम होती है तो समस्या बहुत विकराल रुप धारण कर लेती है। किसानों की इसी समस्या को देखते हुए केंद्र की मोदी सरकार ने अगले पांच साल में सूखे से निपटने के लिए 50 हजार करोड़ रुपए का निवेश करेगी। केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री राधामोहन सिंह ने इस बारे में जानकारी दी।

भारत में विश्व की आबादी की 17 प्रतिशत जनसंख्या तथा 11.3 प्रतिशत पशुधन निवास करते हैं, जबकि अपने देश में विश्व का मात्र 4 प्रतिशत जल संसाधन उपलब्ध है। ऐसे में लोगों तथा पशुधन को पानी की आपूर्ति करने की अभूतपूर्व चुनौती है। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना (PMKSY) का उद्देश्य न केवल सुनिश्चित सिंचाई हेतु स्रोतों का सृजन करना है, बल्कि 'जल संचय' और 'जल सिंचन' के माध्यम से सूक्ष्म स्तर पर वर्षा जल का उपयोग करके संरक्षित सिंचाई का भी सृजन करना है।
कृषि मंत्री ने कहा कि देश में कुल 20.08 करोड़ हेक्टेयर कृषि योग्य भूमि है जिसमें से मात्र 9.58 करोड़ हेक्टेयर भूमि सिंचित है जो कि कुल क्षेत्रफल का केवल 48 प्रतिशत है, अत: 52 फीसदी असिंचित कृषि भूमि में उन्नत कृषि अपनाने हेतु आवश्यक जल की आपूर्ति कराना भी चुनौतीपूर्ण होगा। समुचित जल प्रबंधन करके ही इस चुनौती का सामना करना संभव है।
कृषि मंत्री ने कहा कि 2015-16 से 2019-20 के दौरान 50,000 करोड़ रुपये निवेश कर संपूर्ण सिंचाई आपूर्ति श्रृंखला, जल संसाधन, वितरण नेटवर्क और खेत-स्तरीय अनुप्रयोग समाधान विकसित करके 'हर खेत को पानी' उपलब्ध कराया जाएगा। उन्होंने कहा कि वर्ष 2016-17 में सूखा निरोधन उपायों के लिए 520.90 करोड़ रुपये की राशि राज्यों को जारी की गई। अब तक 56,226 जल संचयन संरचनाएं और 1,13,976 हेक्टेयर की सिंचाई क्षमता सृजित की गई। 675 जिला सिंचाई योजनाएं तैयार की गई हैं।
उन्होंने जानकारी दी कि 'प्रति बूंद अधिक फसल' घटक के अंतर्गत सूक्ष्म सिंचाई के लिए वित्त वर्ष 2011-14 के दौरान राज्यों को कुल 3699.45 करोड़ रुपये जारी किए गए थे और सूक्ष्म सिंचाई के अधीन 16.14 लाख हेक्टेयर क्षेत्र को लाया गया था। वहीं, वित्त वर्ष 2014-17 के दौरान राज्यों को कुल 4509 करोड़ रुपये जारी किए गए और सूक्ष्म सिंचाई के अधीन 18.38 लाख हेक्टेयर क्षेत्र को लाया गया है जो कि अब तक का सर्वाधिक क्षेत्र है।
More From GoodReturns

Silver Price Today: 2 अप्रैल को चांदी की कीमतों में भारी गिरावट! जानिए प्रति किलो चांदी का रेट

Silver Price Today: 31 मार्च को चांदी की कीमतों में आई गिरावट! जानिए प्रति किलो चांदी का रेट क्या है?

Gold Rate Today: 2 अप्रैल को भी सोने की कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी! जानिए 24k, 22k,18k गोल्ड रेट क्या है?

Silver Price Today: 30 मार्च को चांदी का भाव सस्ता हुआ या महंगा? जानें प्रति किलो चांदी का रेट

Silver Price Today: 1 अप्रैल को चांदी की कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी! जानिए प्रति किलो चांदी का भाव

Gold Rate Today: महीने के आखिरी दिन 31 मार्च को सोने की कीमतों में बड़ा बदलाव! जानिए 24k, 22k गोल्ड रेट

एमपी-यूपी सहयोग सम्मेलन: साझा विरासत के साथ आगे बढ़ रहे मध्यप्रदेश-उत्तर प्रदेश, निवेश और विकास पर बनी सहमति

LPG Cylinder Price Hike: युद्ध के बीच बड़ा झटका! आज से एलपीजी सिलेंडर के दाम ₹218 तक बढ़े

Bank holiday Today: महावीर जयंती पर आज बैंक खुला रहेगा या बंद? जाने से पहले चेक करें RBI हॉलिडे लिस्ट

Gujarat News: सताधार धाम बना आत्मनिर्भरता का प्रतीक, रोजाना 10 हजार श्रद्धालुओं का भोजन बायोगैस पर तैयार

कानूनी प्रक्रिया से ही तय हुआ JAL का भविष्य: Adani की जीत पर मुहर, CoC की ‘कमर्शियल विजडम’ सर्वोपरि



Click it and Unblock the Notifications