नए मोटर व्हीकल एक्ट का देशभर के अलग- अलग राज्यों में विरोध जारी है।
नई दिल्ली: नए मोटर व्हीकल एक्ट का देशभर के अलग- अलग राज्यों में विरोध जारी है। जी हां मोटर व्हीकल संशोधन अधिनियम के तहत ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन पर भारी जुर्माने समेत विभिन्न प्रावधानों के खिलाफ आज राजधानी दिल्ली में ट्रांसपोर्टर्स की एक दिनी हड़ताल है। यूनाइटेड फ्रंट ऑफ ट्रांसपोर्ट एसोसिएशंस (यूएफटीए) ने इस हड़ताल का आह्वान किया है। यूएफटीए में ट्रक, बस, ऑटो, टेम्पो, मेक्सी कैब और टैक्सियों का दिल्ली/एनसीआर में प्रतिनिधित्व करने वाले 41 यूनियन और संघ शामिल हैं। हालांकि दिल्ली टैक्सी टूरिस्ट ट्रांसपोर्टर्स एसोसिएशन इस हड़ताल का हिस्सा नहीं बन रही है।
यूएफटीए : पिछले 15 दिनों से गुहार लगा लेकिन हल नहीं निकला
जानकारी दें कि इस हड़ताल के मद्देनजर राष्ट्रीय राजधानी के कई स्कूल बंद रहेंगे। कई माता-पिता को बच्चों के स्कूलों से संदेश मिला है कि आज यानि गुरुवार को शिक्षण संस्थान बंद रहेंगे। बता दें कि गैर सहायता प्राप्त निजी स्कूलों की एक्शन कमेटी के महासचिव भरत अरोड़ा ने कहा कि ट्रांसपोर्टरों की हड़ताल की वजह से अधिकतर स्कूलों ने छुट्टी का ऐलान किया है। वहीं दूसरी ओर यूएफटीए का कहना है कि वे नए मोटर व्हीकल एक्ट से जुड़ी अपनी शिकायतों के निपटारे के लिए केन्द्र और दिल्ली सरकार से पिछले 15 दिनों से गुहार लगा रहे हैं लेकिन कोई हल नहीं निकला है। लिहाजा वे मजबूर होकर एकदिनी हड़ताल कर रहे हैं। संशोधित मोटर व्हीकल एक्ट 2019 के तहत लाए गए अव्यावहारिक जुर्माने ने भ्रष्टाचार और व्हीकल ओनर्स व ड्राइवरों का शोषण बढ़ा दिया है।
जानें क्या है यूएफटीए की मांगें?
यूएफटीए ने सरकार की नीतियों के खिलाफ अपनी मांगों को लेकर एक दिन का सांकेतिक चक्का जाम करने का निर्णय लिया है।
- मोटर वहीकल एक्ट 2019 संशोधन बिल में बढ़े हुए चालान की रकम को वापस लिया जाए।
- वहीं इनकम टैक्स के एक्ट 44 एई को लेकर विरोध
- वाहन बीमा में पांच लाख रुपए तक ही इंश्योरेंस कंपनियों को पेमेंट करने के आदेश के खिलाफ
जान लें क्या हैं नया नियम?
- नए नियम अनुसार, गलत और खतरनाक तरीके से वाहन चलाने वालों को पहली बार दोषी पाए जाने पर छह महीने से एक साल तक जेल या 1,000 से 5,000 रुपये का जुर्माना या दोनों की सजा सुनाई जाएगी। जबकि दूसरी बार दोषी पाए जाने पर दोषी को 10,000 रुपये तक का जुर्माना देना होगा।
- अगर शराब पीकर गाड़ी चलाने पर पहली बार दोषी पाए जाने पर छह महीने जेल या 10,000 रुपये का जुर्माना या दोनों की सजा सुनाई जाएगी। जबकि वहीं दूसरी बार दोषी पाए जाने पर दो साल तक की जेल या 15,000 रुपये तक की जेल की सजा या दोनों सुनाई जाएगीं।
- बिना लाइसेंस वाहन चलाने पर 5,000 रुपये का जुर्माना कर दिया गया है जो पहले सिर्फ 500 रुपये था। योग्य ना होने के बावजूद वाहन चलाने पर पहले सिर्फ 500 रुपये था, जिसे अब बढ़ाकर 10,000 रुपये कर दिया गया है।
- निर्धारित सीमा से अधिक गति से वाहन चलाने पर जुर्माना 400 रुपये से बढ़ाकर 1,000 रुपये कर दिया गया है। वहीं हल्के मोटर वाहन के मामले में यह 2,000 रुपये है। इस मामले में मध्यम यात्री या माल ढोने वाले वाहनों पर जुर्माना 2,000 रुपये से 4,000 रुपये हो गया है।
- ध्यान दें कि बच्चे द्वारा वाहन चलाने पर वाहन का रजिस्ट्रेशन भी एक साल के लिए रद्द किया जा सकता है। एक साल पूरा होने पर आपको अपने वाहन के रजिस्ट्रेशन के लिए फिर से नया आवेदन करना होगा।
- नए कानून के अनुसार, इस नियम का उल्लंघन करने पर 25,000 रुपये तक का जुर्माना और तीन साल तक की जेल हो सकती है। जबकि नाबालिग बच्चे के लिए उसे लर्नर लाइसेंस 25 साल तक नहीं मिलेगा।
More From GoodReturns

Silver Price Today: 2 अप्रैल को चांदी की कीमतों में भारी गिरावट! जानिए प्रति किलो चांदी का रेट

Silver Price Today: 31 मार्च को चांदी की कीमतों में आई गिरावट! जानिए प्रति किलो चांदी का रेट क्या है?

Gold Rate Today: 2 अप्रैल को भी सोने की कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी! जानिए 24k, 22k,18k गोल्ड रेट क्या है?

Silver Price Today: 30 मार्च को चांदी का भाव सस्ता हुआ या महंगा? जानें प्रति किलो चांदी का रेट

Silver Price Today: 1 अप्रैल को चांदी की कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी! जानिए प्रति किलो चांदी का भाव

Gold Rate Today: महीने के आखिरी दिन 31 मार्च को सोने की कीमतों में बड़ा बदलाव! जानिए 24k, 22k गोल्ड रेट

एमपी-यूपी सहयोग सम्मेलन: साझा विरासत के साथ आगे बढ़ रहे मध्यप्रदेश-उत्तर प्रदेश, निवेश और विकास पर बनी सहमति

LPG Cylinder Price Hike: युद्ध के बीच बड़ा झटका! आज से एलपीजी सिलेंडर के दाम ₹218 तक बढ़े

Bank holiday Today: महावीर जयंती पर आज बैंक खुला रहेगा या बंद? जाने से पहले चेक करें RBI हॉलिडे लिस्ट

Gujarat News: सताधार धाम बना आत्मनिर्भरता का प्रतीक, रोजाना 10 हजार श्रद्धालुओं का भोजन बायोगैस पर तैयार

कानूनी प्रक्रिया से ही तय हुआ JAL का भविष्य: Adani की जीत पर मुहर, CoC की ‘कमर्शियल विजडम’ सर्वोपरि



Click it and Unblock the Notifications