नई दिल्ली, जुलाई 30। छोटे कारोबारों को 1 लाख रु की लिमिट के साथ एक क्रेडिट कार्ड की पेशकश की जा सकती है। ऐसा तब होगा यदि क्रेडिट फ्लो को सार्वभौमिक बनाने की सरकार की योजना कामयाब हो जाती है। इस क्रेडिट कार्ड को भारतीय लघु उद्योग विकास बैंक (सिडबी) द्वारा उद्यम पोर्टल पर रजिस्टर्ड सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यमों (एमएसएमई) को दिया जाएगा। इस क्रेडिट कार्ड पर कई फायदे मिलेंगे। आइए जानते हैं क्या-क्या।
किसान क्रेडिट कार्ड जैसा होगा नया कार्ड
कार्ड एमएसएमई के लिए उपलब्ध सभी क्रेडिट योजनाओं को एक साथ जोड़ देगा। इनमें कम ब्याज दर शामिल है। साथ ही किसान क्रेडिट कार्ड (केसीसी) के लाभार्थियों को प्रदान किए जाने वाले इस कार्ड पर 1 लाख रु तक का बिना कुछ गिरवी रखे मिलेगा। इसे व्यापार क्रेडिट कार्ड (वीसीसी) के रूप में ब्रांडेड किया जा सकता है, जैसा कि हाल की एक रिपोर्ट में फाइनेंस पर स्थायी समिति द्वारा सुझाया गया है।
शुरुआती लोन लिमिट 50,000 रु
यह एमएसएमई को उनके वित्तीय प्रदर्शन और क्रेडिट सर्विसिंग क्षमताओं के आधार पर उन्नत क्रेडिट के प्रावधानों के साथ उनकी बिजनेस लोन जरूरतों को पूरा करने के लिए पेश किया जाएगा। प्रारंभिक सीमा 50,000 रु और 1 लाख रु के बीच अलग-अलग हो सकती है। एमएसएमई के लिए सिबिल रेटिंग प्रदान करने के नियमों में भी बदलाव किया जा सकता है ताकि रेटिंग एजेंसियों को बेहतर और अपडेटेड डेटा फ्लो की अनुमति दी जा सके जिससे इस सेक्टर को बेहतर रेटिंग प्रदान की जा सके।
नैनो-एमएसएमई को भी फायदा
स्थायी समिति की रिपोर्ट में कहा गया है कि यह उद्यम पोर्टल पर साइन अप करने के लिए नैनो-एमएसएमई (जैसे सड़क के किनारे खड़े विक्रेताओं, किराना दुकानों और गाँव के सैलून) के लिए भी पर्याप्त मौके देगा। करोड़ों एमएसएमई ऐसे हैं जिन्होंने अभी तक औपचारिक वित्तीय प्रणाली में प्रवेश नहीं किया है। व्यापार क्रेडिट कार्ड उन्हें सिस्टम में लाने के लिए एक अच्छा प्लेटफॉर्म होगा।
बैंक भी हैं तैयार
एक बार जब एमएसएमई उद्यम पर पंजीकृत हो जाते हैं, तो इंडस्ट्री, भूगोल और आकार के आधार पर अन्य लक्षित कार्यक्रम भी बनाए जा सकते हैं। एमएसएमई डेटाबेस का उपयोग राज्यों और अन्य हितधारकों द्वारा छोटे व्यवसायों की मदद के लिए भी किया जा सकता है। कई बैंक पहले से ही प्रधान मंत्री मुद्रा योजना सहित एमएसएमई उधारकर्ताओं को क्रेडिट कार्ड प्रदान कर रही है।
फॉर्मल क्रेडिट में आसानी
यह एमएसएमई को फॉर्मल क्रेडिट तक आसान और सुविधाजनक एक्सेस भी प्रदान करेगा। उम्मीद जताई जा रही है कि वीसीसी एमएसएमई की वर्किंग कैपिटल की आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए कम ब्याज दरों पर शॉर्ट टर्म लोन प्रदान करेगी। बोनाफाइड बिजनेस एक्सपेंडीचर के लिए कार्ड के माध्यम से संस्थानों की लोन सीमा को 5-10% बढ़ाया जा सकता है। एमएसएमई द्वारा औपचारिक तौर पर उधार लेना वर्तमान में बहुत सीमित है। असल में भारत के 60 करोड़ एमएसएमई में से 60% बैंकों और संस्थानों से उधार नहीं ले रहे हैं। इसके परिणामस्वरूप 20-25 लाख करोड़ रु का क्रेडिट गैप हो गया है। साथ ही, कम रेटिंग का मतलब है कि कई एमएसएमई उच्च ब्याज दरों पर उधार लेने के लिए मजबूर हैं और वित्तीय उत्पादों तक उनकी सीमित पहुंच है।
More From GoodReturns

Gold Rate Today: 1 अप्रैल को सोने की कीमतों में आई जबरदस्त तेजी! जानिए 24k, 22k,18k गोल्ड रेट क्या है?

Silver Price Today: 2 अप्रैल को चांदी की कीमतों में भारी गिरावट! जानिए प्रति किलो चांदी का रेट

Silver Price Today: 31 मार्च को चांदी की कीमतों में आई गिरावट! जानिए प्रति किलो चांदी का रेट क्या है?

Gold Rate Today: 2 अप्रैल को भी सोने की कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी! जानिए 24k, 22k,18k गोल्ड रेट क्या है?

Silver Price Today: 30 मार्च को चांदी का भाव सस्ता हुआ या महंगा? जानें प्रति किलो चांदी का रेट

Silver Price Today: 1 अप्रैल को चांदी की कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी! जानिए प्रति किलो चांदी का भाव

Gold Rate Today: महीने के आखिरी दिन 31 मार्च को सोने की कीमतों में बड़ा बदलाव! जानिए 24k, 22k गोल्ड रेट

एमपी-यूपी सहयोग सम्मेलन: साझा विरासत के साथ आगे बढ़ रहे मध्यप्रदेश-उत्तर प्रदेश, निवेश और विकास पर बनी सहमति

LPG Cylinder Price Hike: युद्ध के बीच बड़ा झटका! आज से एलपीजी सिलेंडर के दाम ₹218 तक बढ़े

Bank holiday Today: महावीर जयंती पर आज बैंक खुला रहेगा या बंद? जाने से पहले चेक करें RBI हॉलिडे लिस्ट

Gujarat News: सताधार धाम बना आत्मनिर्भरता का प्रतीक, रोजाना 10 हजार श्रद्धालुओं का भोजन बायोगैस पर तैयार



Click it and Unblock the Notifications