आलू (Potato) को लेकर किसानों (farmers) से कानूनी लड़ाई करने वाली अमेरिकी कंपनी पेप्सिको (American company PepsiCo) ने आखिर अपने हाथ पीछे खींच लिए हैं।
नई दिल्ली: आलू (Potato) को लेकर किसानों (farmers) से कानूनी लड़ाई करने वाली अमेरिकी कंपनी पेप्सिको (American company PepsiCo) ने आखिर अपने हाथ पीछे खींच लिए हैं। जी हां खाद्य और पेय पदार्थ (Food and Beverages) बनाने वाली दिग्गज कंपनी पेप्सिको इंडिया (PepsiCo India Company) ने शुक्रवार को गुजरात के नौ किसानों के खिलाफ दायर दो मुकदमों को वापस ले लिया। इन मुकदमों में कंपनी ने किसानों (Farmers) द्वारा कथित तौर पर उन आलू किस्म को उगाने के खिलाफ दावा किया था। इन किस्मों पर कंपनी ने अपना विशेषाधिकार (Privilege) होने का दावा किया था।
इस बात की जानकारी दें कि किसानों के वकील आनंद याग्निक (Anand Yagnik) ने कहा कि इन मुकदमा वापसी के बाद कोई मुकदमा नहीं रह गया है। एक हफ्ते पहले, पेप्सिको ने राज्य में बनासकांठा जिले के दो किसानों (Farmers) के खिलाफ डेसा वाणिज्यिक न्यायालय में अपना मामला वापस ले लिया था। याग्निक ने यहां एक संवाददाता सम्मेलन में कहा, अब नौ किसानों (Farmers) के खिलाफ शेष दो मामले (जिनमें साबरकांठा के चार और अरवल्ली के पांच मामले शामिल हैं) को इस बहुराष्ट्रीय कंपनी (multinational company) ने वापस ले लिया है।
किसानों से 4.2 करोड़ रुपए के हर्जाने की मांग की गई थी
वहीं आलू के विशेष किस्म पर अपने विशेष अधिकारों के कथित उल्लंघन (alleged violation) के लिए गुजरात (Gujarat) में तीन अलग-अलग अदालतों में पेप्सिको (PepsiCo in the courts) द्वारा बनासकांठा, साबरकांठा और अरवल्ली जिलों के 11 किसानों पर मुकदमा दायर किया गया था। इसके तहत किसानों (Farmers) से 4.2 करोड़ रुपए के हर्जाने की मांग की गई थी। इसके बाद कंपनी ने साबरकंठा जिले के 4 किसानों से 1.5-1.5 करोड़ रुपए हर एक से हर्जाने का केस कर दिया।
हालांकि 2017-18 में गुजरात के 5 किसानों के खिलाफ भी इसी तरह का मुकदमा (court case) किया गया था। हालांकि कंपनी ने अब चारों किसानों (Farmers) के खिलाफ किया गया केस वापस ले लिया है। पेप्सिको (Pepsico) के इस कदम का सोशल मीडिया के साथ-साथ राजनीतिक दलों (Political parties) ने भी विरोध किया था।
विवाद ऐसे शुरू हुआ था
बता दें कि गुजरात के किसानों ने पेप्सिको (PepsiCo)द्वारा उसके चिप्स में प्रयोग होने वाले आलू की किस्म (Potato variety) का उत्पादन किया था। इसकी जानकारी मिलने के बाद पेप्सीको ने 11 किसानों पर मुकदमा दायर कर दिया था। किसानों में आक्रोश को बढ़ता देख पेप्सिको (PepsiCo)ने मुकदमा वापस लेने के लिए शर्त रखी, जिसके बाद किसान और भड़क गए। पेप्सी (Pepsi) और लेज चिप्स (Lays chips) जैसे उत्पाद बनाने वाली इस कंपनी का कहना है कि ये किसान जिस आलू (potato) को उगा रहे हैं, उसे उगाने का अधिकार सिर्फ उसके पास है।
शर्त ये रखी थी पेप्सिको ने
पेप्सिको (PepsiCo) ने उन तीन किसानों (farmers)से समझौता करने के लिए एक शर्त रखी थी। इसके मुताबिक किसान उनके आलू फार्मिंग प्रोग्राम (Potato farming program) के साथ जुड़ सकते हैं। इससे उन्हें ट्रेनिंग (traning) के अतिरिक्त आलू के लिए अच्छा दाम भी मिलेगा। वहीं अगर किसान उनके आलू फार्मिंग प्रोग्राम (Potato farming program) के साथ नहीं जुड़ते हैं तो उन्हें एक एग्रीमेंट पर हस्ताक्षर (Signature of Agreement) करना होगा। ऐसा करने से इनके एफएल-2027 आलू उगाने पर रोक लग जाएगी।
More From GoodReturns

Silver Price Today: 2 अप्रैल को चांदी की कीमतों में भारी गिरावट! जानिए प्रति किलो चांदी का रेट

Silver Price Today: 31 मार्च को चांदी की कीमतों में आई गिरावट! जानिए प्रति किलो चांदी का रेट क्या है?

Gold Rate Today: 2 अप्रैल को भी सोने की कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी! जानिए 24k, 22k,18k गोल्ड रेट क्या है?

Silver Price Today: 30 मार्च को चांदी का भाव सस्ता हुआ या महंगा? जानें प्रति किलो चांदी का रेट

Silver Price Today: 1 अप्रैल को चांदी की कीमतों में उतार-चढ़ाव जारी! जानिए प्रति किलो चांदी का भाव

Gold Rate Today: महीने के आखिरी दिन 31 मार्च को सोने की कीमतों में बड़ा बदलाव! जानिए 24k, 22k गोल्ड रेट

एमपी-यूपी सहयोग सम्मेलन: साझा विरासत के साथ आगे बढ़ रहे मध्यप्रदेश-उत्तर प्रदेश, निवेश और विकास पर बनी सहमति

LPG Cylinder Price Hike: युद्ध के बीच बड़ा झटका! आज से एलपीजी सिलेंडर के दाम ₹218 तक बढ़े

Bank holiday Today: महावीर जयंती पर आज बैंक खुला रहेगा या बंद? जाने से पहले चेक करें RBI हॉलिडे लिस्ट

Gujarat News: सताधार धाम बना आत्मनिर्भरता का प्रतीक, रोजाना 10 हजार श्रद्धालुओं का भोजन बायोगैस पर तैयार

कानूनी प्रक्रिया से ही तय हुआ JAL का भविष्य: Adani की जीत पर मुहर, CoC की ‘कमर्शियल विजडम’ सर्वोपरि



Click it and Unblock the Notifications